एकलव्य निषाद जनजाति के राजा हिरण्यधनु का पुत्र था। उसे अपने पिता, जो एक आदिवासी सरदार थे, के साथ शि…
Read more »आज फिर बेटा बिना कुछ खाए घर से जा रहा था, तो मां ने बेटे से कहा, बेटा थोड़ा खाना खाकर जा। दो दिन …
Read more »हरिकिशन, जिनकी उम्र 55 वर्ष थी, एक बार फिर अपनी नौकरी गंवा चुके थे। इस बार तो ऑफिस से निकालते वक्त …
Read more »बुद्ध का एक शिष्य था। वह नया-नया दीक्षित हुआ था, उसने संन्यास लिया था। और बुद्ध को उसने कहा, मैं आज…
Read more »माँ पिता जी कहाँ गये? श्याम ने घर में आते ही अपनी माँ से पूछा, श्याम की माता जी बोली-“ पता नहीं बे…
Read more »मुस्कुराइए अगर आप एक अध्यापक हैं और मुस्कुराते हुए कक्षा में प्रवेश करेंगे, तो देखिए सारे बच्चों क…
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